Kal Ka Mausam: सुबह का सूरज छिपा हुआ है, हवा में ठंडक चुभ रही है, और बाहर निकलते ही तेज हवाएं चेहरे पर थप्पड़ मारती महसूस होती हैं। उत्तर भारत के लोग पहले से ही कड़ाके की ठंड से जूझ रहे हैं, और अब पश्चिमी विक्षोभ ने 26 से 30 जनवरी 2026 तक कहर ढाने का ऐलान कर दिया है। बारिश, भारी बर्फबारी, ओले, तेज आंधी और घना कोहरा – ये सब मिलकर मुश्किलें बढ़ा रहे हैं। किसान, यात्री और आम लोग चिंतित हैं। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने कई राज्यों में रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। आइए जानते हैं कल यानी 28 जनवरी को मौसम क्या रंग दिखाएगा।
पश्चिमी विक्षोभ क्या है? क्यों हर बार ठंड में आकर मारता है धावा?
पश्चिमी विक्षोभ एक मौसमी सिस्टम है जो भूमध्य सागर से आता है। सर्दियों में ये उत्तर भारत और हिमालयी इलाकों में बारिश-बर्फबारी लाता है। इस बार एक मजबूत विक्षोभ 26 से 28 जनवरी तक असर दिखाएगा, और 30 जनवरी रात से दूसरा नया सिस्टम आने वाला है। IMD के मुताबिक, इससे तापमान में उतार-चढ़ाव होगा – पहले थोड़ा बढ़ेगा, फिर गिरेगा। हा हा, मौसम भी मूड स्विंग्स ले रहा है!
पहाड़ों में भारी बर्फबारी और तेज बारिश का अलर्ट – क्या पहाड़ बंद हो जाएंगे?
जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 26 से 28 जनवरी तक बारिश और बर्फबारी का दौर जारी रहेगा। 27 और 28 जनवरी को कई जगहों पर भारी बर्फबारी, तेज बारिश और ओलावृष्टि की संभावना है। ऊंचाई वाले इलाकों में सड़कें बंद हो सकती हैं। सावधानी रखें, क्योंकि ठंड और बढ़ेगी और लैंडस्लाइड का खतरा भी। IMD ने खासकर इन राज्यों में भारी बर्फबारी का ऑरेंज अलर्ट दिया है।
मैदानी इलाकों में आंधी-बारिश और तेज हवाएं – छाता साथ रखिएगा!
पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश और राजस्थान जैसे मैदानी इलाकों में 27-28 जनवरी को हल्की से मध्यम बारिश होगी। गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और तेज हवाओं की चेतावनी है। हवा की रफ्तार 40 से 60 किमी/घंटा तक पहुंच सकती है। दिल्ली, जयपुर, लखनऊ जैसे शहरों में ट्रैफिक जाम और उड़ती धूल-मिट्टी से बचें। लॉजिक ये है – तेज हवा से पेड़ गिर सकते हैं, इसलिए बाहर निकलते समय सावधान रहें।
घना कोहरा और शीतलहर – सुबह उठकर क्या देखेंगे?
पिछले 24 घंटों में उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और हिमाचल में घना कोहरा छाया रहा। राजस्थान के सीकर में न्यूनतम तापमान 0.5 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया। हरियाणा, राजस्थान और हिमाचल में शीतलहर का असर जारी है। कल भी सुबह के समय विजिबिलिटी बहुत कम हो सकती है। बच्चों और बुजुर्गों को घर से बाहर निकलने से पहले मौसम चेक करना चाहिए – कोहरा दुर्घटनाओं का बड़ा कारण बनता है।
दक्षिण भारत में भी बारिश का खेल – क्या पूरे देश में मौसम बिगड़ रहा है?
तमिलनाडु में तेज बारिश हो चुकी है। केरल, महाराष्ट्र और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश और गरज-चमक की संभावना बनी हुई है। लेकिन मुख्य कहर उत्तर भारत पर है। IMD का कहना है कि ये बदलाव पूरे देश में ठंड और बारिश का पैटर्न बदल सकता है।
कल से आगे क्या होगा? तापमान में उलटफेर जारी रहेगा
IMD के अनुसार 30 जनवरी रात से नया पश्चिमी विक्षोभ आएगा। पहले तापमान थोड़ा बढ़ेगा, फिर फिर से गिरावट आएगी। आने वाले दिनों में बारिश-बर्फबारी का सिलसिला जारी रह सकता है। किसानों को फसलों की सुरक्षा के लिए कदम उठाने चाहिए।
सावधानियां बरतें, सुरक्षित रहें – ये टिप्स काम आएंगे
- घना कोहरा होने पर गाड़ी धीरे चलाएं और फॉग लाइट्स यूज करें।
- पहाड़ी इलाकों में यात्रा से पहले सड़क स्थिति चेक करें।
- तेज हवाओं में बाहर निकलते समय मजबूत छाता या रेनकोट साथ रखें।
- बुजुर्गों और बच्चों को गर्म कपड़े पहनाएं, शीतलहर से बचाएं।
- मौसम अपडेट के लिए हमेशा mausam.imd.gov.in या IMD ऐप चेक करें।



